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[MISSION 2023] सिक्योर: दैनिक सिविल सेवा मुख्य परीक्षा उत्तर लेखन अभ्यास: 1 अगस्त 2022

 

How to Follow Secure Initiative?

How to Self-evaluate your answer? 

MISSION – 2022: YEARLONG TIMETABLE

 


सामान्य अध्ययन– I


 

विषय: विश्व के भौतिक भूगोल की मुख्य विशेषताएँ।

  1. महाद्वीपीय मग्नतट में मूल्यवान खनिज एवं समुद्री जीव उपस्थित होते हैं, जो इसे अन्वेषण एवं वाणिज्यिक दोहन के लिए उपयुक्त बनाता है। चर्चा कीजिए। इसके अतिरिक्त, हिंद महासागर के निम्न उच्चावचों की विशेषताओं पर प्रकाश डालिए। (250 शब्द) 

प्रश्न का स्तर: मध्यम

सन्दर्भ: Insights on India

निर्देशक शब्द:

 चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।

 प्रकाश डालिये- ऐसे प्रश्नों के उत्तर लेखन में अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है कि वह प्रश्न से सम्बंधित प्रासंगिक जानकारियों को सरल भाषा में व्यक्त कर दे।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

समुद्र तल के उच्चावचों एवं उसके विभाजनों के बारे में संक्षेप में उल्लेख करते हुए उत्तर प्रारंभ कीजिए। 

विषय वस्तु:

महाद्वीपीय मग्नतटों के आर्थिक संसाधनों के संबंध में कतिपय आँकड़ों का सोदाहरण उल्लेख कीजिए।

महाद्वीपीय मग्नतटों की उच्च उत्पादकता के कारणों की विस्तार से चर्चा कीजिए।

हिंद महासागर के निम्न उच्चावचों की विशेषताओं पर प्रकाश डालिए।

निष्कर्ष:

महाद्वीपीय मग्नतटों के समग्र आर्थिक महत्व को संक्षेप में प्रस्तुत करते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: विश्व के भौतिक भूगोल की मुख्य विशेषताएँ। 

  1. महासागरीय तापमान के ऊर्ध्वाधर एवं अक्षांशीय वितरण के लिए उत्तरदायी विभिन्न कारकों की व्याख्या कीजिए। (250 शब्द) 

प्रश्न का स्तर: सरल

सन्दर्भ: Insights on India

निर्देशक शब्द: 

व्याख्या कीजिए- प्रश्न में पूछी गई जानकारी को सरल भाषा में व्यक्त कीजिए। 

उत्तर की संरचना: 

परिचय:

यह उल्लेख करते हुए उत्तर प्रारंभ कीजिए कि विश्व के सभी महासागरों का तापमान भिन्न-भिन्न होता है। 

विषय वस्तु:

तापमान वितरण के लिए उत्तरदायी कारकों का उल्लेख कीजिए।

जहाँ आवश्यक हो उपयुक्त उदाहरणों का प्रयोग कीजिए।

निष्कर्ष:

उपर्युक्त का संक्षेपण करते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययन– II


 

विषय: संसद और राज्य विधायिका- संरचना, कार्य, कार्य-संचालन, शक्तियाँ एवं विशेषाधिकार और इनसे उत्पन्न होने वाले विषय।

  1. संसदीय चर्चा एवं बहस राजनीतिक प्रतिनिधित्व के लिए महत्वपूर्ण हैं क्योंकि यह लोगों एवं उनके प्रतिनिधियों के मध्य एक कड़ी का निर्माण करती है तथा सरकार की नीति, प्रस्तावित नए कानूनों एवं मौजूदा मुद्दों पर चर्चा करती है। मूल्यांकन कीजिए। (250 शब्द) 

प्रश्न का स्तर: मध्यम             

सन्दर्भ: The Hindu , Indian Express

 निर्देशक शब्द:

 मूल्यांकन कीजिए- ऐसे प्रश्नों में अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है की वह कथन अथवा विषय के महत्व को रेखांकित करते हुए उसकी समग्र उपयोगिता बताये।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

हमारे लोकतंत्र के लिए संसदीय चर्चा एवं बहस के महत्व का उल्लेख करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:

ये चर्चा एवं बहस हमारे लोकतंत्र को कैसे समृद्ध कर रहे हैं? विस्तार से समझाइए।

अपने उत्तर की पुष्टि के लिए उदाहरण प्रस्तुत कीजिए।

चर्चा एवं बहस के संबंध में विधायी प्रक्रिया का मूल्यांकन कीजिए।

विधेयकों का जल्दबाजी में पारित होना, बार-बार मुकदमेबाजी, विशेषज्ञता की कमी, राज्यसभा को दरकिनार करना, संसदीय समितियों की कार्यकुशलता की कमी आदि का उल्लेख कीजिए।

इस स्थिति को दूर करने के लिए आवश्यक उपायों का उल्लेख कीजिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक समूह और भारत से संबंधित और/अथवा भारत के हितों को प्रभावित करने वाले करार।

  1. भारत की भू-राजनीति एवं भू-अर्थशास्त्र के लिए अंतर्राष्ट्रीय उत्तर दक्षिण परिवहन गलियारे (INSTC) के महत्व का विश्लेषण कीजिए। (250 शब्द) 

प्रश्न का स्तर: मध्यम 

सन्दर्भ: The Hindu , Insights on India

 निर्देशक शब्द: 

विश्लेषण कीजिएऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के बहुआयामी सन्दर्भों जैसे क्या, क्यों, कैसे आदि पर ध्यान देते हुए उत्तर लेखन कीजिए।

 उत्तर की संरचना: 

परिचय:

अंतर्राष्ट्रीय उत्तर दक्षिण परिवहन गलियारे (INSTC) का संदर्भ प्रस्तुत करते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।

 विषय वस्तु:

संक्षेप में अंतर्राष्ट्रीय उत्तर दक्षिण परिवहन गलियारे (INSTC), इसके लक्ष्य एवं उद्देश्य तथा भारत की अब तक की भूमिका पर प्रकाश डालिए।

भारत के लिए अंतर्राष्ट्रीय उत्तर दक्षिण परिवहन गलियारे (INSTC) के भू-राजनीतिक महत्व का उल्लेख कीजिए।

भारत के लिए अंतर्राष्ट्रीय उत्तर दक्षिण परिवहन गलियारे (INSTC) के भू-आर्थिक महत्व का वर्णन कीजिए।

 निष्कर्ष:

उपर्युक्त का संक्षेपण करते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययन– III


 

विषय: प्रमुख फसल- देश के विभिन्न भागों में फसल पैटर्न।

  1. बाजरा में पोषण एवं खाद्य सुरक्षा लाभ प्रदान करने के साथ-साथ जलवायु स्मार्ट कृषि में एक प्रमुख घटक निर्माण की अपार संभावनाएं हैं। विस्तार से समझाइए। (250 शब्द) 

प्रश्न का स्तर: मध्यम 

सन्दर्भ: Times of India , Insights on India

 निर्देशक शब्द: 

समझाइए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय प्रश्न से संबंधित सूचना अथवा जानकारी को सरल भाषा में प्रस्तुत कीजिए। 

उत्तर की संरचना: 

परिचय:

संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 2023 को अंतर्राष्ट्रीय बाजरा वर्ष के रूप में घोषित करने के लिए एक प्रस्ताव अपनाया है। इसका संदर्भ प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए। 

विषय वस्तु:

बाजरे के लिए जल की कम माँग एवं निम्न उर्वर मिट्टी की आवश्यकता का उल्लेख कीजिए।

समझाइए कि बाजरा में पोषक पैकेज के रूप में सभी विटामिन, खनिज, आवश्यक फैटी एसिड आदि पाए जाते हैं।

उल्लेख कीजिए कि बाजरा जैव-इथेनॉल उत्पादन के लिए फीडस्टॉक के रूप में मक्के की तुलना में एक महत्वपूर्ण लागत लाभ भी प्रदान करता है।

इसके खाद्य सुरक्षा एवं पारिस्थितिक लाभों का भी उल्लेख कीजिए। 

निष्कर्ष:

निष्कर्ष निकालिए कि बाजरा खाद्य उपभोग क्षेत्र में आगे की राह है क्योंकि यह पोषण सुरक्षा के साथ-साथ जलवायु परिवर्तन दोनों की दोहरी चुनौती को संबोधित करता है।

 

विषय: संरक्षण, पर्यावरण प्रदूषण और क्षरण, पर्यावरण प्रभाव का आकलन। 

  1. गैर-देशी क्षेत्रों में आक्रामक विदेशी प्रजातियों के विकसित होने के कारणों का परीक्षण कीजिए। उनके प्रसार को रोकने के लिए किन उपायों की आवश्यकता है? (250 शब्द) 

प्रश्न का स्तर: कठिन

सन्दर्भ: Down to Earth

 निर्देशक शब्द: 

परीक्षण कीजिए- ऐसे प्रश्नों का उत्तर देते समय उस कथन अथवा विषय के पक्ष और विपक्ष दोनों का परीक्षण करते हुए सारगर्भित उत्तर लिखना चाहिए। 

उत्तर की संरचना: 

परिचय:

आक्रामक विदेशी प्रजाति शब्द की व्याख्या करते हुए उत्तर प्रारंभ कीजिए।

विषय वस्तु:

आक्रामक विदेशी प्रजातियों द्वारा गैर-देशी क्षेत्रों में जीवित रहने के लिए आवश्यक कारकों का उल्लेख कीजिए।

उनके द्वारा उत्पन्न विभिन्न खतरों की व्याख्या कीजिए।

उपर्युक्त के संदर्भ में उदाहरण भी प्रस्तुत कीजिए तथा भारत में आक्रामक प्रजातियों द्वारा उत्पन्न क्षतियों का परिदृश्य प्रस्तुत कीजिए।

उनके प्रसार को रोकने के लिए आवश्यक कदमों के बारे में लिखिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययन– IV


 

विषय: नैतिक एवं राजनीतिक दृष्टिकोण। 

  1. सार्वजनिक नैतिकता की अवधारणा को सोदाहरण समझाइए। इसे प्रभावित करने वाले विभिन्न कारक कौन-कौन से हैं? (150 शब्द) 

प्रश्न का स्तर: मध्यम 

निर्देशक शब्द:

 समझाइए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय प्रश्न से संबंधित सूचना अथवा जानकारी को सरल भाषा में प्रस्तुत कीजिए। 

उत्तर की संरचना: 

परिचय:

सार्वजनिक नैतिकता की अवधारणा की व्याख्या करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

विषय वस्तु:

इसके सम्बंधित पहलुओं का उल्लेख कीजिए, जैसे कि सार्वजनिक नैतिकता के दायरे में क्या स्वीकार किया जाता है, क्या यह स्थिर और अविनाशी है, उदाहरण भी प्रस्तुत कीजिए।

सार्वजनिक नैतिकता को प्रभावित करने वाले विभिन्न कारकों के बारे में लिखिए।

निष्कर्ष:

निष्कर्ष निकालिए कि समाज समय के साथ विकसित होता है और इस प्रकार सार्वजनिक नैतिकता भी अपना आकार लेती है। हालांकि कुछ ऐतिहासिक रूप से स्थायी मूल्यों को भी संरक्षित किया जाना चाहिए।