How to Follow Secure Initiative?
How to Self-evaluate your answer?
MISSION – 2022: YEARLONG TIMETABLE
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर 150 शब्दों में दीजिए:
सामान्य अध्ययन– I
विषय:स्वतंत्रता संग्राम- इसके विभिन्न चरण और देश के विभिन्न भागों से इसमें अपना योगदान देने वाले महत्त्वपूर्ण व्यक्ति/उनका योगदान।
- भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान, भारत के स्वतंत्रता संग्राम में जन आंदोलन की प्रकृति में एक आदर्श बदलाव आया। समझाइए। (250 शब्द)
प्रश्न का स्तर: मध्यम
सन्दर्भ: अध्याय 35- भारत का स्वतंत्रता संघर्ष: बिपन चंद्र।
निर्देशक शब्द:
समझाइए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय प्रश्न से संबंधित सूचना अथवा जानकारी को सरल भाषा में प्रस्तुत कीजिए।
उत्तर की संरचना:
परिचय:
देश के राजनीतिक परिदृश्य का संदर्भ प्रस्तुत कीजिए, जिसके कारण भारत छोड़ो आंदोलन की शुरुआत हुई।विषय वस्तु:
गांधी की रणनीति, नवीन नेताओं का उदय, हिंसा, रियासतों, नए विकास एवं जन भागीदारी आदि की तर्ज पर साम्राज्यवादी शासन के विरुद्ध अन्य संघर्षों अथवा आंदोलनों से इस आंदोलन को पृथक बनाने वाले कारकों का उल्लेख कीजिए।निष्कर्ष:
निष्कर्ष निकालिए कि राष्ट्रीय स्वतंत्रता संग्राम को समाप्त करने की दिशा में अत्यधिक आवश्यक प्रोत्साहन का श्रेय भारत छोड़ो आंदोलन को दिया जा सकता है।
सामान्यअध्ययन– II
विषय: सरकारी नीतियों और विभिन्न क्षेत्रों में विकास के लिये हस्तक्षेप और उनके अभिकल्पन तथा कार्यान्वयन के कारण उत्पन्न विषय।
- 2. राष्ट्रीय भूमि मुद्रीकरण निगम न केवल सरकार की अधिशेष भूमि जोत से राजस्व उत्पन्न करेगा बल्कि सरकारी भूमि के प्रबंधन को भी सुव्यवस्थित करेगा। विश्लेषण कीजिए। (250 शब्द)
प्रश्न का स्तर: मध्यम
सन्दर्भ: Indian Express
निर्देशक शब्द:
विश्लेषण कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के बहुआयामी सन्दर्भों जैसे क्या, क्यों, कैसे आदि पर ध्यान देते हुए उत्तर लेखन कीजिए।
उत्तर की संरचना:
परिचय:
राष्ट्रीय भूमि मुद्रीकरण निगम की स्थापना एवं उसके उद्देश्यों के संबंध में संदर्भ प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारंभ कीजिए।विषय वस्तु:
राष्ट्रीय भूमि मुद्रीकरण निगम सरकार की अधिशेष भूमि एवं कम उपयोग की गई संपत्ति का मुद्रीकरण कैसे करेगा? स्पष्ट कीजिए।
राष्ट्रीय भूमि मुद्रीकरण निगम सरकारी भूमि का बेहतर प्रबंधन कैसे करेगा? समझाइए।निष्कर्ष:
आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।
सामान्यअध्ययन– III
विषय: भारतीय अर्थव्यवस्था तथा योजना, संसाधनों को जुटाने, प्रगति, विकास तथा रोज़गार से संबंधित विषय।
- मुद्रास्फीति क्या है? मुद्रास्फीति विभिन्न व्यापक आर्थिक मापदंडों को कैसे प्रभावित करती है? मुद्रास्फीति की दर को स्वीकृत सीमा के अंतर्गत रखने के लिए अपनाए जाने वाले उपायों का सुझाव दीजिए। (250 शब्द)
प्रश्न का स्तर: सरल
सन्दर्भ:Insights on India
उत्तर की संरचना:
परिचय:
मुद्रास्फीति को परिभाषित करते उत्तर की शुरूआत कीजिए।विषय वस्तु:
विभिन्न समष्टि आर्थिक मापदंडों पर मुद्रास्फीति के प्रभावों का उल्लेख कीजिए।मुद्रास्फीति को स्वीकृत सीमा में रखने के लिए अपनाए जाने वाले उपायों का उल्लेख कीजिए।निष्कर्ष:
आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।
विषय: भारतीय अर्थव्यवस्था तथा योजना, संसाधनों को जुटाने, प्रगति, विकास तथा रोज़गार से संबंधित विषय।
- कोविड-19 महामारी ने अर्थव्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव डाला है, जिससे देश भर में बेरोजगारी दर में वृद्धि हुई है। अर्थव्यवस्था में सुधार के रूप में इस मुद्दे को दूर करने के लिए आवश्यक कदमों पर चर्चा कीजिए। (250 शब्द)
प्रश्न का स्तर: मध्यम
सन्दर्भ: Insights on India
निर्देशक शब्द:
चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।
उत्तर की संरचना:
परिचय:
महामारी के कारण उत्पन्न हुई बेरोजगारी का संदर्भ प्रस्तुत करते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।विषय वस्तु:
बेरोजगारी के स्तर के संबंध में आँकड़े उद्धृत कीजिए। महामारी के दौरान बेरोजगारी के स्तर में वृद्धि होने के महत्वपूर्ण कारणों का उल्लेख कीजिए। अर्थव्यवस्था में रोजगार के स्तर को बढ़ाने के लिए उठाए जाने वाले कदमों का वर्णन कीजिए।निष्कर्ष:
आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।
विषय: आपदा एवं आपदा प्रबंधन।
- हालांकि परमाणु ऊर्जा स्वच्छ ऊर्जा का एक स्रोत है लेकिन परमाणु संयंत्रों की कमजोरियां इसे आपदाओं का खतरा बना देती हैं। जाँच कीजिए। (250 शब्द)
प्रश्न का स्तर: मध्यम
सन्दर्भ:The Hindu
निर्देशक शब्द:
जांच कीजिए- ऐसे प्रश्नों का उत्तर देते समय उस कथन अथवा विषय के पक्ष और विपक्ष दोनों का परीक्षण करते हुए सारगर्भित उत्तर लिखना चाहिए।
उत्तर की संरचना:
परिचय:
सामान्य रूप में परमाणु ऊर्जा की संभावनाओं पर प्रकाश डालते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।विषय वस्तु:
भारत में परमाणु ऊर्जा की क्षमताओं एवं इस संबंध में भारत की अब तक की प्रगति के साथ-साथ भारत की ऊर्जा सुरक्षा में इसकी भूमिका का उल्लेख कीजिए। परमाणु ऊर्जा से सम्बंधित जोखिमों का वर्णन कीजिए एवं उदाहरणों के साथ समझाइए कि हमें पूर्ण रूप से परमाणु ऊर्जा पर निर्भर क्यों नहीं होना चाहिए।
उपर्युक्त को सिद्ध करने के लिए उदाहरण प्रस्तुत कीजिए।निष्कर्ष:
आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।
विषय:आंतरिक सुरक्षा के लिये चुनौती उत्पन्न करने वाले शासन विरोधी तत्त्वों की भूमिका।
- क्या आपको लगता है कि परमाणु हथियारों के उपयोग के संबंध में भारत की ‘प्रथम उपयोग नही’ की नीति व्यावहारिक एवं उपयोगितावादी है? समालोचनात्मक जाँच कीजिए। (250 शब्द)
प्रश्न का स्तर: मध्यम
सन्दर्भ: Live Mint
निर्देशक शब्द:
समालोचनात्मकजाँचकीजिए- ऐसे प्रश्नों का उत्तर देते समय उस कथन अथवा विषय के पक्ष और विपक्ष दोनों में ही तथ्यों को बताते हुए अंत में एक सारगर्भित निष्कर्ष निकालना चाहिए।उत्तर की संरचना:
परिचय:
भारत की ‘प्रथम उपयोग नहीं’ नीति का वर्णन करते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।विषय वस्तु:
संक्षेप में, भारत की परमाणु नीति के विकास का उल्लेख कीजिए। भारत की ‘प्रथम उपयोग नही’ की नीति व्यावहारिक एवं उपयोगितावादी कैसे है? स्पष्ट कीजिए।
उपर्युक्त की सीमाओं का उल्लेख कीजिए।निष्कर्ष:
भारत की ‘प्रथम उपयोग नही’ की नीति के बारे में एक संतुलित राय प्रस्तुत करते हुए निष्कर्ष निकालिए।
सामान्यअध्ययन– IV
विषय: नीतिशास्त्र के आयाम।
- नैतिक मानदंड कार्यात्मक एवं वर्णनात्मक के स्थान पर आकांक्षात्मक एवं निर्देशात्मक होते हैं। समालोचनात्मक विश्लेषण कीजिए। (150 शब्द)
प्रश्न का स्तर: कठिन
निर्देशक शब्द:
समालोचनात्मक विश्लेषण कीजिए- ऐसे प्रश्नों का उत्तर देते समय उस कथन अथवा विषय के पक्ष और विपक्ष दोनों में ही तथ्यों को बताते हुए अंत में एक सारगर्भित निष्कर्ष निकालना चाहिए।
उत्तर की संरचना:
परिचय:
नैतिक मानदंडों की व्याख्या करते हुए उत्तर की शुरूआत कीजिए।विषय वस्तु:
नैतिक मानदंड आकांक्षात्मक एवं निर्देशात्मक कैसे होते हैं? स्पष्ट कीजिए। नैतिक मानदंड कार्यात्मक एवं वर्णनात्मक कैसे होते हैं? व्याख्या कीजिए।निष्कर्ष:
नैतिक मानदंडों के बारे में एक संतुलित राय प्रस्तुत करते हुए निष्कर्ष निकालिए।








