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[इनसाइट्स सिक्योर MISSION – 2022] दैनिक सिविल सेवा मुख्य परीक्षा उत्तर लेखन अभ्यास: 1 मार्च 2022

 

How to Follow Secure Initiative?

How to Self-evaluate your answer? 

MISSION – 2022: YEARLONG TIMETABLE

 


सामान्य अध्ययन– I


 

विषय: भारतीय संस्कृति, जिसमें प्राचीन काल से आधुनिक काल तक के कला के रूप, साहित्य और वास्तुकला के मुख्य पहलू शामिल होंगे।

1. भारतीय साहित्य की यात्रा विविधता में निहित है एवं विषयों, विचारों एवं शैलियों में परिवर्तन के साथ चिह्नित होती है। सोदाहरण स्पष्ट कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: कठिन

 निर्देशक शब्द:

 स्पष्ट कीजिए- ऐसे प्रश्नों में अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है कि वह पूछे गए प्रश्न से संबंधित जानकारियों को सरल भाषा में व्यक्त कर दे।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

भारतीय साहित्य का संक्षिप्त परिचय प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:  

बदलते विषयों, विचारों एवं शैलियों पर ध्यान केंद्रित करते हुए भारतीय साहित्य के विकास पर प्रकाश डालिए।

निष्कर्ष:

निष्कर्ष निकालिए कि तेजी से आगे बढ़ती हुई तकनीक एवं डिजिटल विश्व ने लेखक एवं पाठक के मध्य की खाई को कम कर दिया है। इसने कई युवाओं को साहित्य को गंभीरता से लेने के लिए प्रोत्साहित किया है। वर्तमान समय में स्व-प्रकाशन एवं डिजिटल प्लेटफॉर्म, साइंस फिक्शन, फ्लैश फिक्शन, इंस्टाग्राम कविता जैसे नए अवतार विकसित हुए हैं।

 

विषय: भारतीय संस्कृति, जिसमें प्राचीन काल से आधुनिक काल तक के कला के रूप, साहित्य और वास्तुकला के मुख्य पहलू शामिल होंगे।

2. बंगाल कला शैली के उद्भव में रवींद्रनाथ टैगोर एवं अबनिंद्रनाथ टैगोर द्वारा निभाई गई भूमिका का मूल्याङ्कन कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

सन्दर्भ: NCERT

 निर्देशक शब्द:

मूल्यांकन कीजिए- ऐसे प्रश्नों में अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है की वह कथन अथवा विषय के महत्व को रेखांकित करते हुए उसकी समग्र उपयोगिता बताये।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

बंगाल कला शैली का संक्षेप में परिचय प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

विषय वस्तु:

बंगाल कला शैली के उद्भव, इसकी विशेषताओं एवं दोनों व्यक्तित्वों के योगदान पर विस्तार से चर्चा कीजिए।

निष्कर्ष:

निष्कर्ष निकालिए कि इस प्रकार, दोनों ने बंगाल कला शैली के उद्भव एवं विकास में एक प्रमुख भूमिका निभाई।

 


सामान्य अध्ययन– II


 

विषय: संसद और राज्य विधायिका- संरचना, कार्य, कार्य-संचालन, शक्तियाँ एवं विशेषाधिकार और इनसे उत्पन्न होने वाले विषय।

3. दलबदल विरोधी कानून, जिसका निर्माण राजनीतिक दलबदल को समाप्त करने के लिए किया गया था, दलबदल की सुविधा के लिए दुरुपयोग किया जा रहा है। क्या आप सहमत हैं? टिप्पणी कीजिए। (150 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

 सन्दर्भ: The Indian Express

 निर्देशक शब्द:

 टिप्पणी कीजिए ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय पर अपने ज्ञान और समझ को बताते हुए एक समग्र राय विकसित करनी चाहिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

दलबदल से संबंधित संवैधानिक प्रावधानों-अनुच्छेद संख्या, अनुसूची आदि पर संक्षिप्त टिप्पणी करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए। 

विषय वस्तु:

भारतीय संविधान में दलबदल से संबंधित प्रावधानों का संक्षेप में उल्लेख कीजिए।

उन उदाहरणों पर प्रकाश डालिए, जहां इसने दलबदल को रोकने के स्थान पर उसे सुगम बनाया है।

इन प्रावधानों से जुड़े मुद्दों का उल्लेख कीजिए।

निष्कर्ष:

एक प्रासंगिक समापन वक्तव्य प्रस्तुत करते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: भारत के हितों पर विकसित तथा विकासशील देशों की नीतियों तथा राजनीति का प्रभाव; प्रवासी भारतीय।

4. वर्तमान राजनयिक संबंधों को ध्यान में रखते हुए, क्या आपको लगता है कि भारत को युद्ध के दौरान रूस को अपने उल्लंघनों की याद दिलानी चाहिए? अपनी विदेश नीति की पूर्वधारणाओं के संबंध में भारत द्वारा अपनाई जाने योग्य कार्यवाही पर प्रकाश डालते हुए कथन का विश्लेषण कीजिए। (250 शब्द)

प्रश्न का स्तर: मध्यम

सन्दर्भ: The Hindu

 निर्देशक शब्द:

 विश्लेषण कीजिएऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के बहुआयामी सन्दर्भों जैसे क्या, क्यों, कैसे आदि पर ध्यान देते हुए उत्तर लेखन कीजिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

वर्तमान स्थिति पर संक्षिप्त टिप्पणी कीजिए एवं इस पर भारत की प्रतिक्रिया समझाते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए। 

विषय वस्तु:

भारत-रूस संबंधों पर ध्यान केंद्रित करते हुए समझाइए कि संबंधों को बनाए रखते हुए भारत किन संभावित तरीकों से रूस का मार्गदर्शन कर सकता है।

भारत की हाल की प्रतिक्रियाशील कार्रवाइयों का विश्लेषण कीजिए।

भारत जिन मूल्यों का पालन करता है, उन्हें ध्यान में रखते हुए, जब अपनी विदेश नीति को आकार देने की बात आती है, तो सुझाव दीजिए कि इन मूल्यों के साथ भारत को क्या कार्रवाई करनी चाहिए। 

निष्कर्ष:

एक प्रासंगिक समापन वक्तव्य प्रस्तुत करते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययन– III


 

विषय: उदारीकरण का अर्थव्यवस्था पर प्रभाव, औद्योगिक नीति में परिवर्तन तथा औद्योगिक विकास पर इनका प्रभाव।

5. लाभार्जन करने वाली सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयों (PSUs) के विनिवेश के पीछे तर्क एवं इसके संभावित व्यापक आर्थिक प्रभावों का आलोचनात्मक विश्लेषण कीजिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: Indian Express

 निर्देशक शब्द:

 आलोचनात्मक विश्लेषण कीजिए- ऐसे प्रश्नों का उत्तर देते समय उस कथन अथवा विषय के पक्ष और विपक्ष दोनों में ही तथ्यों को बताते हुए अंत में एक सारगर्भित निष्कर्ष निकालना चाहिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

लाभार्जन करने वाले सार्वजनिक उपक्रमों में सरकारी हिस्सेदारी बेचने की हालिया योजना का उल्लेख करते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।

विषय वस्तु:

विनिवेश/रणनीतिक बिक्री के पीछे के उद्देश्य का उल्लेख कीजिए।

लाभार्जन करने के बावजूद सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के निम्न स्तरीय निष्पादन के कारणों को भी स्पष्ट कीजिए।

समझाइए कि कुछ सार्वजनिक उपक्रम रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण हैं।

इसके समष्टि-आर्थिक प्रभावों पर प्रकाश डालिए।

निष्कर्ष:

निष्कर्ष निकालिए कि विनिवेश/रणनीतिक बिक्री अत्यधिक सावधानीपूर्वक की जानी चाहिए एवं केवल वहीं जहां यह पूरी तरह से विवेकपूर्ण हो अन्यथा इससे सरकार की संपत्ति और राजस्व का नुकसान हो सकता है।

 

विषय: आंतरिक सुरक्षा के लिये चुनौती उत्पन्न करने वाले शासन विरोधी तत्त्वों की भूमिका।

6. आईपीसीसी की नवीनतम रिपोर्ट के अनुसार, भारत जनसंख्या के मामले में विश्व स्तर पर सबसे असुरक्षित देशों में से एक है, जो समुद्र के स्तर में वृद्धि से प्रभावित होगा। भारत में जलवायु परिवर्तन के प्रभाव को कम करने के लिए आवश्यक जोखिम, असुरक्षाओं एवं अनुकूलन उपायों की जांच कीजिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: Indian Express

 निर्देशक शब्द:

 जांच कीजिए- ऐसे प्रश्नों का उत्तर देते समय उस कथन अथवा विषय के पक्ष और विपक्ष दोनों का परीक्षण करते हुए सारगर्भित उत्तर लिखना चाहिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

भारत के सन्दर्भ में आईपीसीसी की नवीनतम रिपोर्ट में प्रस्तुत तथ्यों एवं आंकड़ों पर प्रकाश डालते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

विषय वस्तु:

जलवायु परिवर्तन के कारण भारत द्वारा सामना की जा रही विभिन्न जोखिमों एवं असुरक्षाओं की पहचान कीजिए।

इसके प्रभाव को कम करने के लिए कुछ अनुकूलन उपायों को सूचीबद्ध कीजिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययन– IV


 

7. नैतिकता ने आपके व्यक्तिगत सुख एवं विकास को कैसे बढ़ावा दिया है? व्यक्तिगत उदाहरणों के साथ व्याख्या कीजिए। (150 शब्द)


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