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[इनसाइट्स सिक्योर MISSION – 2022] दैनिक सिविल सेवा मुख्य परीक्षा उत्तर लेखन अभ्यास: 30 नवम्बर 2021

 

 

How to Follow Secure Initiative?

How to Self-evaluate your answer? 

MISSION – 2022: YEARLONG TIMETABLE

 


सामान्य अध्ययन– I


 

विषय: महिलाओं की भूमिका और महिला संगठन, जनसंख्या एवं संबद्ध मुद्दे, गरीबी और विकासात्मक विषय, शहरीकरण, उनकी समस्याएँ और उनके रक्षोपाय।

1. शहरों में झुग्गी-झोपड़ी उन लोगों के समूहन के लिए संघर्ष का सबसे खराब रूप है, जो कुछ भी बेहतर वहन नहीं कर सकते हैं। विश्लेषण कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: सरल

सन्दर्भ: Insights on India

निर्देशक शब्द:

 विश्लेषण कीजिएऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के बहुआयामी सन्दर्भों जैसे क्या, क्यों, कैसे आदि पर ध्यान देते हुए उत्तर लेखन कीजिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

भारत में शहरीकरण का एक संक्षिप्त परिदृश्य प्रस्तुत कीजिए। भारत में शहरीकरण के स्तर के संबंध में तथ्य एवं आंकड़ों का उल्लेख करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:  

मलिन बस्तियों को एक आवश्यक बुराई क्यों माना जाता है? समझाइए।

मलिन बस्तियों में रहने के सामाजिक परिणामों का उल्लेख कीजिए।

महामारी के दौरान मलिन बस्तियों में रहने वालों की दुर्दशा कैसे बिगड़ गई? समझाइए।

नीति के साथ-साथ कार्यान्वयन स्तर पर मलिन बस्तियों में निवास की स्थिति में सुधार के लिए आवश्यक कदमों का उल्लेख कीजिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: महिलाओं की भूमिका और महिला संगठन, जनसंख्या एवं संबद्ध मुद्दे, गरीबी और विकासात्मक विषय, शहरीकरण, उनकी समस्याएँ और उनके रक्षोपाय।

2. भारत में विशाल जनसंख्या आकार एवं गहन जनसांख्यिकीय विविधता है। इसलिए, जनसांख्यिकीय लाभांश के लाभों को प्राप्त करने के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य एवं कौशल विकास में एक विभेदक नियोजन दृष्टिकोण की आवश्यकता है। चर्चा कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

सन्दर्भ:  Insights on India

 निर्देशक शब्द:

 चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

भारत में जनसांख्यिकीय लाभांश का संदर्भ प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारंभ कीजिए।

 विषय वस्तु:

 भारत द्वारा अपने जनसांख्यिकीय लाभांश को प्राप्त करने में शामिल विभिन्न बाधाओं का उल्लेख कीजिए।

कोविड -19 के आलोक में शिक्षा, स्वास्थ्य एवं कौशल विकास के लिए आपनाए जाने वाले विभिन्न दृष्टिकोणों का उल्लेख कीजिए एवं उपरोक्त सीमाओं को दूर करने के लिए इसके प्रभावों का भी उल्लेख कीजिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: भारतीय संस्कृति में प्राचीन काल से आधुनिक काल तक के कला के रूप, साहित्य और वास्तुकला के मुख्य पहलू शामिल होंगे।

3. भारत में शैलकृत स्थापत्य के विकास पर प्रकाश डालिए। क्या प्राचीन भारतीय शैलकृत स्थापत्य मुख्यतः धार्मिक था? टिप्पणी कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: कठिन

सन्दर्भ: Indian Express

 निर्देशक शब्द:

 प्रकाश डालिये- ऐसे प्रश्नों के उत्तर लेखन में अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है कि वह प्रश्न से सम्बंधित प्रासंगिक जानकारियों को सरल भाषा में व्यक्त कर दे।

 टिप्पणी कीजिए ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय पर अपने ज्ञान और समझ को बताते हुए एक समग्र राय विकसित करनी चाहिए।

उत्तर की संरचना:

 परिचय:

यह समझाते हुए उत्तर की शुरूआत कीजिए कि शैलकृत स्थापत्य भारतीय वास्तुकला के इतिहास में एक बहुत ही महत्वपूर्ण स्थान रखता है।

 विषय वस्तु:

भीमबेटका, मौर्य कालीन शैलकृत स्थापत्य जैसे बराबर गुफाएं आदि प्रारंभिक गुफाओं से शैलकृत स्थापत्य के विकास पर प्रकाश डालिए। अजंता एवं एलोरा में पाए जाने वाले गुफा मंदिरों, चैत्य एवं विहारों के बारे में चर्चा कीजिए। इनसे सम्बंधित प्रमुख राजवंशों पर चर्चा कीजिए।

भारत के शैलकृत स्थापत्य के विभिन्न विषयों एवं सामग्रियों – धार्मिक एवं गैर-धार्मिक दोनों के बारे में लिखिए।

निष्कर्ष:

उपरोक्त के आधार पर एक निष्पक्ष निर्णय प्रस्तुत कीजिए कि क्या शैलकृत स्थापत्य मुख्य रूप से धार्मिक था।

 


सामान्य अध्ययन– II


 

विषय: संसद और राज्य विधायिका- संरचना, कार्य, कार्य-संचालन, शक्तियाँ एवं विशेषाधिकार और इनसे उत्पन्न होने वाले विषय।

4. बहस सांसदों के लिए सरकारी नीति, प्रस्तावित नए कानूनों एवं मौजूदा मुद्दों पर चर्चा करने का एक अवसर है, जिसके बिना लोकतांत्रिक प्रक्रिया विफल हो जाती है। चर्चा कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: सरल

सन्दर्भ: Indian Express

निर्देशक शब्द:

 चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

हमारे लोकतंत्र के लिए संसदीय बहस एवं चर्चा के महत्व का उल्लेख करते हुए उत्तर की शुरूआत कीजिए।

 विषय वस्तु:

बहस एवं चर्चा हमारे लोकतंत्र को कैसे समृद्ध कर रहे हैं? विस्तार से समझाइए। अपने उत्तर की पुष्टि के लिए उदाहरण प्रस्तुत कीजिए।

संसद में प्रमुख राष्ट्रीय मुद्दों पर बहस एवं चर्चा में कमी के उदाहरण प्रस्तुत कीजिए।

बहस एवं चर्चा के संबंध में विधायी प्रक्रिया का मूल्यांकन कीजिए।

विधेयकों का जल्दबाजी में पारित होना, याचिकाओं की बारम्बारता, विशेषज्ञता की कमी, राज्यसभा को दरकिनार करना, संसदीय समितियों को संदर्भित करने की कमी आदि का उल्लेख कीजिए।

इस स्थिति को दूर करने के लिए आवश्यक उपायों का उल्लेख कीजिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययन– III


 

विषय: भारतीय अर्थव्यवस्था तथा योजना, संसाधनों को जुटाने, प्रगति, विकास तथा रोज़गार से संबंधित विषय।

5. क्या आपको लगता है कि भारत को आपूर्ति पक्ष के उपायों से दूर हो जाना चाहिए एवं भारत में गरीबी तथा बेरोजगारी को दूर करने के लिए मांग पक्ष की नीतियों को अपनाना चाहिए? समालोचनात्मक विश्लेषण कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: कठिन

सन्दर्भ: Indian Express

 निर्देशक शब्द:

 समालोचनात्मक विश्लेषण कीजिए- ऐसे प्रश्नों का उत्तर देते समय उस कथन अथवा विषय के पक्ष और विपक्ष दोनों में ही तथ्यों को बताते हुए अंत में एक सारगर्भित निष्कर्ष निकालना चाहिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

भारत में प्रचलित गरीबी एवं बेरोजगारी के बारे में आंकड़े प्रस्तुत करते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।

 विषय वस्तु:

अब तक अपनाए गए दृष्टिकोण का उल्लेख कीजिए। इनमें शामिल कमियों का उल्लेख कीजिए।

भारत में गरीबी एवं बेरोज़गारी के प्रति माँग पक्ष के दृष्टिकोण को अपनाने वाली नीति का अंतर स्पष्ट कीजिए।

इसके गुण-दोषों के बारे में लिखिए।

निष्कर्ष:

भारत में कोविड-19 के पश्चात् गरीबी एवं बेरोजगारी की बिगड़ती स्थिति के बाद भारत का दृष्टिकोण कैसा होना चाहिए, इस पर आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी में भारतीयों की उपलब्धियाँ; देशज रूप से प्रौद्योगिकी का विकास एवं नई प्रौद्योगिकी का विकास।

6. भारत को एक ऐसे स्टार्ट-अप पारिस्थितिकी तंत्र की आवश्यकता है, जो ऐसे नवाचारों को बढ़ावा दे, जो भारत की अंतरिक्ष आवश्यकताओं का अनुपूरण करे। विस्तार से समझाइए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

 सन्दर्भ: The Hindu

निर्देशक शब्द:

समझाइए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय प्रश्न से संबंधित सूचना अथवा जानकारी को सरल भाषा में प्रस्तुत कीजिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

यह समझाते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए कि भारत में अंतरिक्ष अनुसंधान की प्रमुख इकाई इसरो (ISRO) है एवं वर्तमान तक अन्य निजी दलों, विशेष रूप से स्टार्ट-अप के लिए बहुत सीमित स्थान की अनुमति है।

 विषय वस्तु:  

अंतरिक्ष क्षेत्र में निजी क्षेत्र में नवाचार लाने के संभावित सकारात्मक परिणामों पर प्रकाश डालिए।

अंतरिक्ष क्षेत्र में स्टार्टअप्स के समक्ष आने वाली प्रमुख बाधाओं का उल्लेख कीजिए।

भारत के अंतरिक्ष क्षेत्र में स्टार्ट-अप के समान विकास को सुनिश्चित करने के लिए उठाए जाने वाले कदमों के बारे में लिखिए।

 निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययन– IV


 

विषय: सामाजिक प्रभाव एवं अनुनय।

7. अनुनय किसी व्यक्ति को किसी विशेष व्यवहार में शामिल होने के लिए राजी करने जितना सरल नहीं है। यह लोगों के सोचने, महसूस करने एवं व्यवहार करने के तरीके को बदलने से सम्बंधित है। चर्चा कीजिए। (150 शब्द)

प्रश्न का स्तर: मध्यम

 सन्दर्भ: नैतिकता, सत्यनिष्ठा एवं अभिरुचि के प्रति एक व्यावहारिक दृष्टिकोण: डी.के. बालाजी।

 निर्देशक शब्द:

 चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

अनुनय का गहन विवरण प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारंभ कीजिए।

विषय वस्तु:  

विभिन्न संदर्भों में अनुनय की आवश्यकता के बारे में लिखिए।

महान प्रेरक कौशल वाले व्यक्तित्वों के कुछ उदाहरण दीजिए एवं उनके संबंधित क्षेत्रों में अनुनय क्या भूमिका निभाता है? समझाइए।

निष्कर्ष:

अनुनय के महत्व एवं सकारात्मक परिणामों के लिए इसका उपयोग करने की आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए निष्कर्ष निकालिए।


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