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[इनसाइट्स सिक्योर MISSION – 2022] दैनिक सिविल सेवा मुख्य परीक्षा उत्तर लेखन अभ्यास: 14 सितम्बर 2021

 

 

How to Follow Secure Initiative?

How to Self-evaluate your answer? 

MISSION – 2022: YEARLONG TIMETABLE

 


सामान्य अध्ययनI


  

विषय: स्वतंत्रता के पश्चात् देश के अंदर एकीकरण और पुनर्गठन।

1. भारत के आंतरिक पुनर्गठन ने स्वतंत्र भारत में अगली बड़ी चुनौती प्रस्तुत की। राष्ट्र की एकता को बनाए रखते हुए पुनर्गठन कैसे किया गया? चर्चा कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

सन्दर्भ: अध्याय -1 – एनसीईआरटी कक्षा 12- स्वतंत्रत भारत में राजनीति।

 निर्देशक शब्द:

 चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

पूर्व ब्रिटिश भारतीय राज्यों एवं रियासतों के स्वतंत्र क्षेत्रों की स्थिति तथा इसके सामने आने वाली चुनौतियों का परिचय प्रस्तुत करते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।

 विषय वस्तु:

स्वतंत्र भारत की आंतरिक सीमाओं के सीमांकन में आने वाली विभिन्न चुनौतियों का विस्तार से उल्लेख कीजिए।

पोट्टि श्रीरामुलु की भूमिका एवं इसके परिणामस्वरूप राज्य पुनर्गठन आयोग के गठन पर प्रकाश डालिए।

इसके बाद उठाए गए कदमों का उल्लेख कीजिए।

निष्कर्ष:

यह समझाते हुए निष्कर्ष निकालिए कि भारत के आंतरिक पुनर्गठन के लिए उठाए गए कदम राष्ट्रीय एकता के निर्माण में सफल रहे।

 

विषय: स्वतंत्रता के पश्चात् देश के अंदर एकीकरण और पुनर्गठन।

2. नेहरू ने जनजातीय लोगों को उनकी विशिष्ट पहचान एवं संस्कृति को बनाए रखते हुए उन्हें भारतीय राष्ट्र का एक अभिन्न अंग बनाकर भारतीय समाज में एकीकृत करने की नीति का समर्थन किया। स्पष्ट कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

सन्दर्भ: अध्याय -9 – स्वतंत्रता के पश्चात भारत: बिपन चंद्रा।

निर्देशक शब्द:

 स्पष्ट कीजिए- ऐसे प्रश्नों में अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है कि वह पूछे गए प्रश्न से संबंधित जानकारियों को सरल भाषा में व्यक्त कर दे।

उत्तर की संरचना:

 परिचय:

ब्रिटिश भारत के अधीन जनजातियों का ऐतिहासिक संदर्भ प्रस्तुत करते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।

 विषय वस्तु:

नव स्वतंत्र भारत के लिए जनजातीय मुद्दों से उत्पन्न दुविधा का उल्लेख कीजिए।

जनजातीय लोगों के सामाजिक विकास के प्रति प्रारंभिक दृष्टिकोण के बारे में लिखिए।

जनजातीय लोगों के प्रति सरकार की नीति के निर्माण एवं पांच सूत्रीय ‘जनजातीय पंचशील’ का उल्लेख कीजिए।

इस संबंध में सरकार द्वारा उठाए गए कदमों का उल्लेख कीजिए।

निष्कर्ष:

संक्षेप में समझाइए कि नीति गांधीवादी आदर्शों द्वारा निर्देशित थी जबकि जनजातियों को बिना किसी दबाव के अपनी गति से विकास करने की अनुमति दी गई थी।

 


सामान्य अध्ययनII


  

विषय: द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक समूह और भारत से संबंधित और/अथवा भारत के हितों को प्रभावित करने वाले करार।

3. जलवायु कार्रवाई एवं वित्त संग्रहण संवाद (CAFMD) का उद्देश्य समावेशी एवं लचीले आर्थिक विकास को आगे बढ़ाना है लेकिन भारत-अमेरिका द्विपक्षीय संबंधों में जलवायु कार्रवाई एवं स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्रों में वैश्विक नेताओं के रूप में उभरने की बहुत अधिक संभावनाएं हैं। विश्लेषण कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: कठिन

सन्दर्भ: The Hindu

निर्देशक शब्द:

 विश्लेषण कीजिएऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के बहुआयामी सन्दर्भों जैसे क्या, क्यों, कैसे आदि पर ध्यान देते हुए उत्तर लेखन कीजिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

जलवायु कार्रवाई एवं वित्त संग्रहण संवाद (CAFMD) एवं इसके उद्देश्यों के बारे में लिखते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।

विषय वस्तु:

लचीला एवं समावेशी आर्थिक विकास विकसित करने में जलवायु कार्रवाई एवं वित्त संग्रहण संवाद की क्षमता के बारे में लिखिए।

स्वच्छ ऊर्जा परियोजनाओं पर हाल के भारत-अमेरिकी सहयोग पर प्रकाश डालिए।

उन्हें स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्र में वैश्विक नेता बनाने में आवश्यक क्षमता का उल्लेख कीजिए।

निष्कर्ष:

इस साझेदारी की क्षमता का सही मायने में उपयोग करने के लिए आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययनIII


  

विषय: भारतीय अर्थव्यवस्था तथा योजना, संसाधनों को जुटाने, प्रगति, विकास तथा रोज़गार से संबंधित विषय।

4. आरबीआई का खाता एग्रीगेटर ढांचा अर्थव्यवस्था में, विशेष रूप से एमएसएमई क्षेत्र में क्रेडिट प्रवाह को सरल बनाने के लिए एक उत्साहजनक प्रोत्साहन है। टिप्पणी कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

सन्दर्भ: Financial Express

निर्देशक शब्द:

 टिप्पणी कीजिए ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय पर अपने ज्ञान और समझ को बताते हुए एक समग्र राय विकसित करनी चाहिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

खाता एग्रीगेटर क्या है? इसकी व्याख्या करते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।

विषय वस्तु:

बैंकों, ऋणदाताओं, बीमा कंपनियों, सरकारी निकायों के डेटाबेस में ग्राहक डेटा के खंडित होने के मुद्दे के बारे में लिखिए एवं समझाइए कि आरबीआई का खाता एग्रीगेटर डिजिटल रूप से निर्बाध एवं सुरक्षित डेटा साझा करने का एक समाधान है।

इससे एमएसएमई को होने वाले लाभों का उल्लेख कीजिए।

 निष्कर्ष:

निष्कर्ष निकालिए कि आरबीआई का खाता एग्रीगेटर ढांचा सही दिशा में एक कदम है और इसे सुरक्षित एवं प्रभावी बनाने के लिए और कदम उठाने की आवश्यकता है।

 

विषय: संचार नेटवर्क के माध्यम से आंतरिक सुरक्षा को चुनौती, आंतरिक सुरक्षा चुनौतियों में मीडिया और सामाजिक नेटवर्किंग साइटों की भूमिका, साइबर सुरक्षा की बुनियादी बातें।

5. साइबर सुरक्षा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) मजबूत सुरक्षा प्रदान कर सकती है एवं साइबर खतरों के लिए तेजी से प्रतिक्रिया उत्पन्न कर सकती है। साइबर सुरक्षा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता को एकीकृत करने के लाभों पर चर्चा कीजिए। (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

 सन्दर्भ: Live Mint

 निर्देशक शब्द:

 चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

साइबर सुरक्षा के संदर्भ में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के बारे में लिखते हुए उत्तर की शुरुआत कीजिए।

 विषय वस्तु:

बढ़ते साइबर सुरक्षा खतरों के संदर्भ में आँकड़े एवं उदाहरण उद्धृत कीजिए।

इन खतरों से निपटने के लिए इस संबंध में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की क्षमता के बारे में लिखिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह का उल्लेख करते हुए निष्कर्ष निकालिए कि साइबर सुरक्षा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के स्तरीय दृष्टिकोण की आवश्यकता है।

 


सामान्य अध्ययनIV


  

विषय: भावनात्मक समझः अवधारणाएँ तथा प्रशासन और शासन व्यवस्था में उनके उपयोग और प्रयोग।

6. किसी संगठन की उत्पादकता में सुधार करने में भावनात्मक बुद्धिमत्ता कैसे भूमिका निभाती है? (250 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: सरल

सन्दर्भ: नैतिकता, सत्यनिष्ठा एवं अभिवृत्ति के लिए एक व्यावहारिक दृष्टिकोण: डी.के. बालाजी।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

भावनात्मक बुद्धिमत्ता (EI) को परिभाषित करते हुए उत्तर प्रारंभ कीजिए।

 विषय वस्तु:  

किसी संगठन की उत्पादकता में वृद्धि करने में भावनात्मक बुद्धिमत्ता कैसे भूमिका निभाती है? विस्तार से समझाइए।

 निष्कर्ष:

भावनात्मक बुद्धिमत्ता के अन्य लाभों के बारे में लिखते हुए निष्कर्ष निकालिए।

  

विषय: कॉरपोरेट शासन व्यवस्था।

7. कॉर्पोरेट शासन व्यवस्था का उद्देश्य संगठन के आर्थिक एवं सामाजिक लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए आवश्यक विश्वास, पारदर्शिता एवं जवाबदेही का वातावरण बनाने में सहायता करना है। विस्तार से समझाइए। (150 शब्द)

 प्रश्न का स्तर: मध्यम

सन्दर्भ: नैतिकता: लेक्सिकन प्रकाशन।

 निर्देशक शब्द:

 समझाइए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय प्रश्न से संबंधित सूचना अथवा जानकारी को सरल भाषा में प्रस्तुत कीजिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

कॉर्पोरेट शासन व्यवस्था को परिभाषित करते हुए उत्तर प्रारंभ कीजिए।

 विषय वस्तु:

संक्षेप में समझाइए कि कॉर्पोरेट शासन व्यवस्था, संगठनों को अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने, जोखिमों को नियंत्रित करने एवं अनुपालन सुनिश्चित करने में सक्षम बनाने से सम्बंधित है।

कॉर्पोरेट शासन व्यवस्था की भूमिका पर विस्तार से चर्चा कीजिए।

निष्कर्ष:

कंपनियों की विकास एवं उत्पादकता में सुधार के साथ-साथ सामाजिक-आर्थिक उद्देश्यों को प्राप्त करने में कॉर्पोरेट शासन व्यवस्था के महत्व पर प्रकाश डालते हुए निष्कर्ष निकालिए।


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