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[इनसाइट्स सिक्योर STHIR – 2021] दैनिक सिविल सेवा मुख्य परीक्षा उत्तर लेखन अभ्यास: 24 जून 2021

 

How to Follow Secure Initiative?

How to Self-evaluate your answer? 

INSIGHTS NEW SECURE – 2020: YEARLONG TIMETABLE

 


सामान्य अध्ययनI


 

विषय: गुटनिरपेक्ष आंदोलन।

1. समकालीन समय में भारत की विदेश नीति में गुटनिरपेक्ष आंदोलन की स्थिति पर चर्चा कीजिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: ijcrt.org

 निर्देशक शब्द:

 चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

गुटनिरपेक्ष आंदोलन से आप क्या समझते हैं? समझाते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:  

इसके उद्भव एवं वर्तमान स्वरुप पर चर्चा कीजिए।

समकालीन समय में इसकी प्रासंगिकता को विस्तार से समझाइए।

निष्कर्ष:

इसके महत्व पर प्रकाश डालते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: शीत युद्ध।

 2. शीत युद्ध, द्वितीय विश्व युद्ध के पश्चात् पूर्वी शक्तियों एवं पश्चिमी शक्तियों के मध्य भू-राजनीतिक शत्रुता की स्थिति थी। विश्लेषण कीजिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: विश्व इतिहास: नॉर्मन लोव।

 निर्देशक शब्द:

 विश्लेषण कीजिएऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के बहुआयामी सन्दर्भों जैसे क्या, क्यों, कैसे आदि पर ध्यान देते हुए उत्तर लेखन कीजिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

द्वितीय विश्वयुद्ध के पश्चात प्रारम्भ शीत युद्ध की विशेषताओं को प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:

द्वितीय विश्व युद्ध के पश्चात पूर्वी ब्लॉक (कम्युनिस्ट सोवियत संघ के नेतृत्व में) और पश्चिमी ब्लॉक (अमेरिका के नेतृत्व में पूंजीवादी पश्चिम) के बीच शीत युद्ध ने किस प्रकार एक खुली लेकिन प्रतिबंधित प्रतिद्वंद्विता प्रारम्भ की? व्याख्या कीजिए।

समझाइए कि कैसे शीत युद्ध दो गुटों के बीच भू-राजनीतिक तनाव का प्रकटीकरण था।

विभिन्न आयामों पर इसके प्रभावों पर प्रकाश डालिए।

निष्कर्ष:

इसके प्रभावों को दर्शाते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: सा.अ.1– सामाजिक सशक्तिकरण।

सा.अ.2– केन्द्र एवं राज्यों द्वारा जनसंख्या के अति संवेदनशील वर्गों के लिये कल्याणकारी योजनाएँ और इन योजनाओं का कार्य-निष्पादन; इन अति संवेदनशील वर्गों की रक्षा एवं बेहतरी के लिये गठित तंत्र, विधि, संस्थान एवं निकाय।

3. व्यक्तियों को वैवाहिक एवं अन्य अधिकारों से वंचित करना, जो केवल उनके यौन अभिमुखता के लिए विवाह से उत्पन्न होते हैं, अन्यायपूर्ण है। क्या आप सहमत हैं? टिप्पणी कीजिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: Live Mint

 निर्देशक शब्द:

 टिप्पणी कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय पर अपने ज्ञान और समझ को बताते हुए एक समग्र राय विकसित करनी चाहिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

समान-लिंग अभिमुखता वाले लोगों के अधिकारों से संबंधित कुछ प्रमुख तथ्य प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:

उत्तर के मुख्य भाग में निम्नलिखित पहलुओं को शामिल किया जाना चाहिए:

  • भारत में समलैंगिक विवाह की कानूनी स्थिति पर चर्चा कीजिए।
  • समान लिंग विवाहों को वैध बनाने की आवश्यकता पर विचार कीजिए।
  • समलैंगिक विवाह कानून लाने में शामिल चुनौतियों पर चर्चा कीजिए।

निष्कर्ष:

निष्कर्ष निकालिए कि कानूनी सुधार समान-लिंग समूहों को कानूनी स्वीकृति और सामाजिक स्वीकृति प्रदान करते हैं।

 


सामान्य अध्ययनIII


 

विषय: भारतीय अर्थव्यवस्था तथा योजना, संसाधनों को जुटाने, प्रगति, विकास तथा रोज़गार से संबंधित विषय।

4. विकास वित्तीय संस्थानों (DFI) की सफलता एवं दीर्घकालिक स्थिरता के प्रमुख कारकों पर एक लेख लिखिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: The Hindu Business

 निर्देशक शब्द:

 लेख लिखिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय पर अपने ज्ञान और समझ के आधार पर उसके सभी पहलुओं को शामिल करते हुए उत्तर लिखें।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

विकास वित्तीय संस्थानों (DFI) को परिभाषित करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:  

समझाइए कि कैसे विकास वित्तीय संस्थान (डीएफआई) उच्च आर्थिक विकास को साकार करने के लिए बुनियादी ढांचे और प्रमुख विनिर्माण परियोजनाओं के लिए आवश्यक दीर्घकालिक वित्त को प्रसारित करने के लिए महत्वपूर्ण मध्यस्थ की भूमिका निभाते हैं।

विकास वित्तीय संस्थानों के महत्व पर चर्चा कीजिए।

निष्कर्ष:

इसके महत्व पर प्रकाश डालते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: सा.अ.2– सरकारी नीतियों और विभिन्न क्षेत्रों में विकास के लिये हस्तक्षेप और उनके अभिकल्पन तथा कार्यान्वयन के कारण उत्पन्न विषय।

सा.अ.3– भारतीय अर्थव्यवस्था तथा योजना, संसाधनों को जुटाने, प्रगति, विकास तथा रोज़गार से संबंधित विषय।

5. कोविड-19 महामारी के प्रभाव के बीच भारत में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए उपयोग की जा रही नीतियों और योजनाओं का मूल्यांकन कीजिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: The Hindu

निर्देशक शब्द:

 मूल्यांकन कीजिए- ऐसे प्रश्नों में अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है की वह कथन अथवा विषय के महत्व को रेखांकित करते हुए उसकी समग्र उपयोगिता बताये।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

देश में पर्यटन पर कोविड-19 महामारी के पड़ने वाले प्रभावों पर प्रकाश डालते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:

समझाइए कि कोरोना वायरस महामारी के बाद पर्यटन क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए पर्यटन मंत्रालय ने भारत को एक ग्रामीण और चिकित्सा पर्यटन स्थल के रूप में बढ़ावा देने और सम्मेलनों, बैठकों और प्रदर्शनियों के लिए एक स्थान के रूप में स्थान देने के लिए रोडमैप के साथ तीन मसौदा रणनीतियां जारी की हैं।

इस दिशा में विभिन्न योजनाओं और नीतियों पर चर्चा कीजिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 

विषय: विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी- विकास एवं अनुप्रयोग तथा दैनिक जीवन पर इसका प्रभाव।

6. जैव प्रौद्योगिकी में नए मोर्चे खुले हैं तथा स्वास्थ्य डेटा के उपयोग से स्वास्थ्य देखभाल की रोकथाम की जा सकती है। इस संदर्भ में जैव प्रौद्योगिकी मानव स्वास्थ्य के प्रति हमारे दृष्टिकोण को कैसे परिवर्तित करेगी? चर्चा कीजिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: Economic Times

 निर्देशक शब्द:

 चर्चा कीजिए- ऐसे प्रश्नों के उत्तर देते समय सम्बंधित विषय / मामले के विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए तथ्यों के साथ उत्तर लिखें।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

विश्व जिस मौजूदा स्वास्थ्य संकट का सामना कर रहा है, उस पर प्रकाश डालने वाले कुछ तथ्य प्रस्तुत करते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:

उत्तर के मुख्य भाग में निम्नलिखित पहलुओं को शामिल किया जाना चाहिए:

  • कोविड संकट भारत के लिए स्वास्थ्य देखभाल के नए अवसर कैसे प्रदान करता है? समझाइए।
  • स्वास्थ्य सेवाओं में नवीन संभावनाओं पर चर्चा कीजिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


सामान्य अध्ययनIV


 

विषय: नीतिशास्त्र तथा मानवीय सह-संबंधः मानवीय क्रियाकलापों में नीतिशास्त्र का सार तत्त्व, इसके निर्धारक और परिणाम; नीतिशास्त्र के आयाम; निजी और सार्वजनिक संबंधों में नीतिशास्त्र, मानवीय मूल्य- महान नेताओं, सुधारकों और प्रशासकों के जीवन तथा उनके उपदेशों से शिक्षा; मूल्य विकसित करने में परिवार, समाज और शैक्षणिक संस्थाओं की भूमिका।

 7. “एक व्यक्ति की भलाई सभी की भलाई में निहित है।” इस कथन से आप क्या समझते हैं? इस सिद्धांत को सार्वजनिक जीवन में कैसे लागू किया जा सकता है? व्याख्या कीजिए। (250 शब्द)

सन्दर्भ: नैतिकता, सत्यनिष्ठा एवं अभिवृत्ति: लेक्सिकन प्रकाशन

 निर्देशक शब्द:

 व्याख्या कीजिए- प्रश्न में पूछी गई जानकारी को सरल भाषा में व्यक्त कीजिए।

 उत्तर की संरचना:

 परिचय:

व्यक्तिगत भलाई से आप क्या समझते हैं? समझाते हुए उत्तर प्रारम्भ कीजिए।

 विषय वस्तु:

प्रश्न में दिए गए कथन को विस्तार से समझाइए।

कौन-कौन से तरीके और साधन इसे सभी के लिए सार्वजनिक जीवन में लागू करने में सहायता कर सकते हैं? चर्चा कीजिए।

निष्कर्ष:

आगे की राह बताते हुए निष्कर्ष निकालिए।

 


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